महाराष्ट्र बजट 2026 सत्र: देवेंद्र फडणवीस के वित्तीय प्रस्ताव पर विस्तृत विश्लेषण
महाराष्ट्र बजट 2026 सत्र में वित्त मंत्री देवेंद्र फडणवीस द्वारा प्रस्तुत वित्तीय प्रस्ताव ने राज्य की आर्थिक दिशा और विकास के लिए महत्वपूर्ण संकेत दिए हैं। इस बजट में शिक्षा, स्वास्थ्य, इंफ्रास्ट्रक्चर, और कृषि जैसे प्रमुख क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दिया गया है।
मुख्य बिंदु और वित्तीय आवंटन
- शिक्षा: शिक्षा क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए नए विद्यालयों और विश्वविद्यालयों के विकास पर भारी निवेश किया गया है। डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए भी अनेक कदम उठाए गए हैं।
- स्वास्थ्य: स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार हेतु नए अस्पताल और स्वास्थ्य केंद्र स्थापित किए जाएंगे। महामारी से निपटने के लिए विशेष निधि आवंटित की गई है।
- इंफ्रास्ट्रक्चर: सड़क, पुल, और सार्वजनिक परिवहन के विकास के लिए बजट में पर्याप्त राशि निर्धारित की गई है, जिससे राज्य की कनेक्टिविटी में सुधार होगा।
- कृषि: किसानों के लिए ऋण राहत योजनाओं के साथ-साथ आधुनिक कृषि तकनीकों को बढ़ावा देने के उपाय प्रस्तावित किए गए हैं।
राजस्व और व्यय का संतुलन
वित्तीय वर्ष 2026 में सरकार ने राजस्व संग्रह के नए स्रोतों को खोजने के साथ-साथ व्यय में कटौती की योजना बनाई है ताकि बजट घाटे को कम किया जा सके। प्रमुख कर नीतियों में बदलाव करके कराधान को सरल और पारदर्शी बनाने की कोशिश की गई है।
आर्थिक सुधार और निवेश प्रोत्साहन
- निजी क्षेत्र और निवेशकों को आकर्षित करने के लिए नई नीतियां लागू की गई हैं।
- स्टार्टअप्स और उद्यमशीलता को प्रोत्साहित करने हेतु विशेष अनुदान और टैक्स छूट की व्यवस्था की गई है।
- सतत विकास और पर्यावरण संरक्षण के लिए बजट में पर्यावरणीय परियोजनाओं के लिए फंड आवंटित किया गया है।
कुल मिलाकर, महाराष्ट्र बजट 2026 वित्तीय सत्र में वित्त मंत्री देवेंद्र फडणवीस द्वारा प्रस्तुत प्रस्तावों ने राज्य की समग्र प्रगति और विकास की दिशा में एक सकारात्मक कदम रखा है, जो आने वाले वर्षों में स्थिर आर्थिक विकास सुनिश्चित करेगा।