‘Animal’ की प्रीमियर से पहले महेश मंजीरेकर ने खोला समाज के प्रति उदासीनता का राज़
महाराष्ट्रीयन फिल्म निर्देशक और अभिनेता महेश मंजीरेकर ने अपनी नई फिल्म ‘Animal’ की प्रीमियर से पहले समाज में बढ़ती उदासीनता पर बातचीत की। उन्होंने बताया कि यह उदासीनता कैसे समाज के विभिन्न पहलुओं को प्रभावित कर रही है और क्यों इसे समझना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि आज के युवा और बुजुर्ग दोनों ही सामाजिक मुद्दों के प्रति कम संवेदनशील होते जा रहे हैं, जिसका कारण आधुनिक जीवनशैली और व्यक्तिगत भागदौड़ है। यह बदलाव न केवल रिश्तों को कमजोर कर रहा है, बल्कि समाज के सामूहिक विकास में भी बाधा बन रहा है।
महेश मंजीरेकर ने यह भी बताया कि ‘Animal’ फिल्म में इस उदासीनता के प्रभाव को दर्शाने की कोशिश की गई है, जो एक परिवार की कहानी के माध्यम से समाज की स्थिति को बयां करती है। उनका मानना है कि फिल्म को देखकर दर्शक इस समस्या को गहराई से समझ पाएंगे और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों पर विचार करेंगे।
महेश मंजीरेकर की बातें इस प्रकार हैं:
- समाज के प्रति उदासीनता एक गंभीर समस्या है।
- व्यक्ति की व्यस्त जीवनशैली इस उदासीनता को बढ़ावा देती है।
- फिल्म ‘Animal’ में इस सामाजिक स्थिति पर विचार किया गया है।
- यह फिल्म लोगों को जागरूक करने का प्रयास है।
फिल्म की प्रीमियर पर महेश मंजीरेकर की यह विचारधारा खास तौर पर इवेंट में मौजूद सभी लोगों द्वारा सराही गई। यह एक महत्वपूर्ण विषय है, जिस पर समाज को ध्यान देना बेहद आवश्यक है।